मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की तारीफ की
रायपुर,
///// राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने आज राजभवन के दरबार हाॅल
में आयोजित राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की
खुले दिल से तारीफ की। सुश्री उइके ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में शिक्षा
के क्षेत्र में विशेष रूप से प्रदेश के आदिवासी अंचलों में छत्तीसगढ़ सरकार की नई
नीति लाकर लोगों के जीवन में परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रहे हैं। इसके लिए
मुख्यमंत्री बधाई के पात्र हैं।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में आदिवासी अंचलों में शिक्षा,
स्वास्थ्य और सुपोषण के लिए अनेक नवाचार प्रारंभ किए गए हैं। शिक्षा
के क्षेत्र में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने की पहल की गई है। आदिवासी अंचलों में
कुपोषित बच्चों और एनीमिया से पीड़ित महिलाओं को निःशुल्क भोजन देने का कार्य
प्रारंभ किया गया हैं। इसके साथ ही सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से गुड़ और
चना का वितरण प्रारंभ किया गया है। आदिवासी अंचलों के हाॅट बाजारों में निःशुल्क
स्वास्थ्य जांच और उपचार की व्यवस्था प्रारंभ की गई है। इससे बड़ी संख्या में
दूरस्थ अंचलों के निवासियों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंच रही हैं। आदिवासी अंचलों
के विकास प्राधिकरणों बस्तर, सरगुजा और मध्य क्षेत्र विकास
प्राधिकरण में स्थानीय विधायकों को अध्यक्ष और उपाध्याक्ष का दायित्व सौंप कर
विकास कार्यो में उनकी भागीदारी सुनिश्चित की गई हैं।
राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में 48 शिक्षकों को शाल, श्रीफल, प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार राशि प्रदान कर
सम्मानित किया गया। इनमें से 44 शिक्षक राज्य शिक्षक सम्मान और 4 शिक्षकों को
प्रदेश के महान साहित्यकारों के नाम पर स्मृति पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
इसके साथ ही 8 उत्कृष्ट शालाओं को भी पुरस्कृत किया गया। समारोह में राज्य शिक्षक
पुरस्कार 2018 के लिए चयनित 44 शिक्षकों में से प्रत्येक को 21 हजार रूपए की राशि
और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। इसके अलावा प्रदेश के महान विभूतियों की स्मृति
में दिए जाने वाले पुरस्कार से सम्मानित होने वाले प्रत्येक शिक्षक को 50 हजार
रूपए और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में प्राथमिक,
पूर्व माध्यमिक, हाई स्कूल और हायर सेकेण्डरी
स्तर के दो-दो स्कूलों का चयन किया गया है। प्रत्येक प्राथमिक शाला को 10 हजार
रूपए, पूर्व माध्यमिक शाला को 15 हजार, हाई स्कूल को 20 हजार और हायर सेकेण्डरी स्कूल को 25 हजार रूपए का
पुरस्कार प्रदान किया गया। समारोह मंे
प्रमुख सचिव स्कूल शिक्षा विभाग श्री गौरव द्विवेदी, संचालक
लोक शिक्षण श्री एस. प्रकाश, संचालक राज्य शिक्षण एवं
प्रशिक्षण परिषद श्री पी. दयानंद, विशेष सचिव स्कूल शिक्षा
श्री सौरभ कुमार, राज्यपाल के सचिव श्री सुरेन्द्र जायसवाल,
शिक्षा विभाग के अधिकारी और सम्मानित शिक्षकों के साथ उनके परिजन भी
उपस्थित थे।
राज्य
शिक्षक पुरस्कार-2018
राज्य शिक्षक पुरस्कार 2018 से सम्मानित होने वाले 44 शिक्षकों में कांकेर
जिले से प्रधान अध्यापक शासकीय कन्या प्राथमिक आश्रम अंतागढ़ की श्रीमती ललिता
रंगारी और व्याख्याता पंचायत शासकीय कन्या माध्यमिक विद्यालय डुमाली की श्रीमती
मीरा आर्ची चैहान, कोरबा जिले से व्याख्याता शासकीय उच्चतर
माध्यमिक शाला पिपरिया श्री ललित कुमार चन्द्रा, रायपुर जिले
से केन्द्रीय जेल रायपुर के शिक्षक श्री नेतराम नाकतोड़े और सखाराम दुबे कन्या
प्राथमिक शाला विवेकानन्द आश्रम के पास की सहायक शिक्षक कुमारी ममता अहीर, मुंगेली जिले से शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला बांकी के प्रधान अध्यापक श्री
रूपचन्द्र पाटले, बालोद जिले से शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला
खुंदनी-गुरूर के व्याख्याता पंचायत श्री पूरनलाल साहू और शासकीय उच्चतर माध्यमिक
शाला चैरेल-गुंडरदेही के व्याख्याता पंचायत श्री भुवनलाल सिन्हा, दुर्ग जिले के शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला चरौदा टैंक-भिलाई की
व्याख्याता श्रीमती मित्राराय चैधरी और शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला मतवारी के
प्राचार्य श्री जिनेन्द्र कुमार जैन, कोरिया जिले से शासकीय
उच्चतर माध्यमिक शाला पोडीबदरा के प्राचार्य श्री डी.के. उपाध्याय और शासकीय पूर्व
माध्यमिक शाला रोकड़ा-मनेन्द्रगढ़ के उच्च श्रेणी शिक्षक श्री फूलसिंग, कबीरधाम जिले से शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला राजनवागांव के व्याख्याता
पंचायत श्री शिवेन्द्र चन्द्रवंशी और शासकीय प्राथमिक शाला सैगोना-कवर्धा की
प्रधान पाठक श्रीमती अफसाना कुरैशी, जांजगीर-चांपा जिले से
शासकीय प्राथमिक शाला धनुरवारपारा-सौंधी के सहायक शिक्षक पंचायत श्री देवकुमार
चंद्रवंशी और शासकीय प्राथमिक शाला पचेड़ा के सहायक शिक्षक श्री बोधीराम साहू,
सुकमा जिले से शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला सुकमा की
व्याख्याता श्रीमती रीना सिंह और शासकीय कन्या माध्यमिक शाला कोंटा के प्रधान
अध्यापक श्री सुशील कुमार श्रीवास, बिलासपुर जिले से शासकीय
प्राथमिक शाला हरदीपारा-बिल्हा के प्रधान अधापक श्री योगेन्द्र कुमार गौराहा और
पूर्व माध्यमिक शाला टेंगनभाठ के शिक्षक श्री रघुवंश कुमार मिश्रा, गरियाबंद जिले से शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला तेतलखुटी-मैनपुर के
व्याख्याता श्री कमलेश्वर प्रसाद बघेल और शासकीय प्राथमिक शाला उन्डूपदर के सहायक
शिक्षक श्री उमेश कुमार श्रीवास, महासमुंद जिले से शासकीय
पूर्व माध्यमिक शाला कोमाखान के शिक्षक श्री विजय कुमार शर्मा और शासकीय पूर्व
माध्यमिक शाला अछोली के शिक्षक श्री एतराम साहू, बलरामपुर
जिले से शासकीय हाई स्कूल पेण्डारी-वाड्रफनगर की व्याख्याता पंचायत श्रीमती सविता
सिंह और शासकीय हाई स्कूल फूलीडूमर-वाड्रफनगर के व्याख्याता श्री बलराम प्रसाद
गुप्ता, बेमेतरा जिले से शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला
बेरला के व्याख्याता श्री भूपेन्द्र कुमार परघनिहा और शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला
कंडरका-बेरला के व्याख्याता श्री राजेन्द्र कुमार झा, रायगढ़
जिले के शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला केराबहार-बरमकेला के शिक्षक पंचायत श्री
कान्हूराम गुप्ता और शासकीय प्राथमिक शाला कछार के प्रधान अध्यापक श्री भुवनेश्वर
पटेल, धमतरी जिले से शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खरतुली
के व्याख्याता पंचायत श्री भूषणलाल चन्द्राकर और शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला
सलौनी के व्याख्याता श्री घनश्याम सिंह साहू, सरगुजा जिले से
शासकीय प्राथमिक शाला महेशपुर के प्रधान अध्यापक श्री सी.एल. दुबे और शासकीय
प्राथमिक शाला जामझरिया-मैनपाट के सहायक शिक्षक पंचायत श्री अरविंद कुमार गुप्ता,
राजनांदगांव जिले से शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला दयका-खैरागढ़ के
शिक्षक श्री रघुनाथ प्रसाद सिन्हा और शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला कोहलबोड़-खैरागढ़
की शिक्षक पंचायत श्रीमती अनुराधा सिंह, शिक्षा जिला सक्ती
से शासकीय हाई स्कूल भलनी-जैजैपुर के व्याख्याता पंचायत श्री राघवेन्द्र प्रताप
सिंह राठौर और शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला माजरकुंद के शिक्षक श्री टीकाराम सारथी,
बलौदाबाजार जिले से शासकीय प्राथमिक शाला खैरालवन के प्रधान अध्यापक
श्री भागवत प्रसाद चन्द्राकर और शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला केसदा के व्याख्याता
श्री चोवाराम वर्मा, जशपुर जिले से शासकीय पूर्व माध्यमिक
शाला बालाछापर के प्रधान अध्यापक श्री सादराम जगत और शासकीय कन्या पूर्व कन्या
माध्यमिक शाला जशपुर की शिक्षक पंचायत श्रीमती गीता झा, दंतेवाड़ा
जिले से शासकीय हाई स्कूल आंवराभाटा के प्रधान अध्यापक श्री श्यामलाल शोरी और
शासकीय हाई स्कूल आंवराभाटा की व्याख्याता श्रीमती सुनीता गोस्वामी शामिल हैं।
राज्य
स्मृति पुरस्कार
राज्य
स्तरीय समारोह में प्रदेश की 04 महान साहित्यिक विभूतियों के नाम पर 04 शिक्षकों
को राज्य शिक्षक सम्मान से नवाजा गया। इनमें जांजगीर-चांपा के श्री रामनाथ साहू को
’’डॉ. मुकुटधर पाण्डेय स्मृति पुरस्कार’’, रायपुर की श्रीमती
रजनी शर्मा को ’’डॉ. बलदेव प्रसाद मिश्र स्मृति पुरस्कार’’, दुर्ग
के श्री संजय कुमार मैथिल को ’’डॉ. पदुमलाल पुन्नालाल बक्शी स्मृति पुरस्कार’’ और
गरियाबंद के श्री संतोष कुमार साहू को ’’डॉ. गजानन्द माधव मुक्तिबोध स्मृति
पुरस्कार’’ प्रदान किया गया।
08
उत्कृष्ट विद्यालयों को भी किया गया पुरस्कृत
शिक्षक सम्मान समारोह में प्रदेश के 08 उत्कृष्ट
विद्यालयों को भी पुरस्कृत गया। इनमें प्राथमिक शाला हरदीपार (कोरबी) विकासखण्ड
बिल्हा जिला बिलासपुर को प्रथम, शासकीय प्राथमिक शाला सगोना
विकासखण्ड कवर्धा जिला कबीरधाम को द्वितीय, पूर्व माध्यमिक
शाला की श्रेणी में उड़कुड़ा विकासखण्ड चारामा जिला कांकेर को प्रथम और तवरबाहरा
विकासखण्ड एवं जिला गरियाबंद को द्वितीय पुरस्कार प्रदान किया गया। हाई स्कूल
श्रेणी में गोड़पारा विकासखण्ड अभनपुर जिला रायपुर को प्रथम और पतोरा विकासखण्ड
पाटन जिला दुर्ग को द्वितीय और उच्चतर माध्यमिक विद्यालय श्रेणी में गोण्डाहूर
विकासखण्ड कोयलीबेड़ा जिला कांकेर को प्रथम और डी.के.पी.टी. कोटा विकासखण्ड जिला
बिलासपुर को द्वितीय पुरस्कार प्रदान किया गया।




Copyright @ 2020 All Right Reserved | Powred by Divyadoot
Comments