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टीबी मुक्त पंचायत इनिशिए टिव्ह पर राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन

Anil Choubey 18-08-2023 18:55:51


***** वर्ष 2025 तक प्रदेश को टीबी मुक्त करने का लक्ष्य, स्वास्थ्य विभाग एवं पंचायत विभाग के अधिकारियों को किया गया सेंसिटाइज ******

 रायपुर. 18 अगस्त 2023. ////  स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा रीच इंडिया (Reach India) संस्था के सहयोग से टीबी मुक्त पंचायत इनिशिएटिव्ह पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। राजधानी रायपुर के एक निजी होटल में आयोजित कार्यशाला में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों को गांवों में क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सेंसिटाइज किया गया। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत छत्तीसगढ़ को वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए एक महत्वपूर्ण रणनीति के तहत टीबी मुक्त पंचायत इनिशिएटिव्ह प्रारंभ किया गया है। प्रदेश के सभी जिलों के जिला क्षय अधिकारी, जिला कार्यक्रम समन्वयक/पीपीएम कोऑर्डिनेटर तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के जिला पंचायत के पंचायतीराज अधिकारी/समकक्ष अधिकारी कार्यशाला में शामिल हुए।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त संचालक डॉ. एस.के. पामभोई ने कहा कि क्षय रोग  से मुक्ति के लिए ग्राम स्तर तक जाकर अभियान चलाना है। इसमें पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अहम भूमिका होगी। पूर्व में विभिन्न विभागों के समन्वय और सहयोग से पल्स पोलियो अभियान के माध्यम से भारत को पोलियो मुक्त किया गया है। इसी प्रकार एक बार फिर अभियान मोड में विभिन्न विभागों और नागरिकों के संयुक्त प्रयास से क्षय रोग को खत्म करना है। उन्होंने इस अभियान की सफलता के लिए कार्यशाला में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को शुभकामनाएं दीं।

राज्य क्षय अधिकारी डॉ. धर्मेन्द्र गहवई ने कार्यशाला में बताया कि वर्ष 2025 तक हमें हमारे सभी ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त करना है। इसके लिए ग्राम स्तर पर योजना तैयार कर कार्य करने की आवश्यकता है। इस पर मंथन के लिए आज इस कार्यशाला का आयोजन किया गया है। आपस में विचार-विमर्श कर आज हम अपने-अपने जिलों के ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त करने के लिए एक रोडमैप तैयार करेंगे। टीबी मुक्त पंचायत इनिशिएटिव्ह के अंतर्गत टीबी के उन्मूलन के लिए ग्राम पंचायतों के बीच एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना लाना है ।

टीबी मुक्त पंचायत इनिशिएटिव्ह के तहत ग्राम पंचायतों को टीबी मुक्त पंचायत के लिए निर्धारित विभिन्न मापदंडों को पूर्ण करते हुए प्रत्येक वर्ष जनवरी माह में टीबी मुक्त पंचायत का दावा करना होगा। जिला स्तरीय दल द्वारा दावे का सत्यापन कर संबंधित ग्राम पंचायतों को 24 मार्च को टीबी मुक्त पंचायत घोषित किया जाएगा। ऐसे ग्राम पंचायतों को पुरस्कृत भी किया जाएगा। कार्यशाला में कुछ जिलों ने अपने जिले को टीबी मुक्त बनाने के लिए ग्राम स्तर तक की कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत किया। विश्व स्वास्थ्य संगठन के क्षेत्रीय प्रमुख डॉ. क्षितिज खापर्डे, रीच इंडिया के वरिष्ठ सलाहकार श्री सुब्रत मोहंती और यूएस-एड की सुश्री अमृता गोस्वामी भी कार्यशाला में उपस्थित थीं।

 

 

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